एफिलिएट मार्केटिंग में करना क्या होता है, कि आपको ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट है, उसमें एक या दो वेबसाइट से आपको एफिलिएट लेना होता है.  एफिलिएट लेने के लिए उनके वेबसाइट पर आपको रजिस्टर करना होता है. एफिलिएट लेने के बाद उनके प्रोडक्ट्स को अपने वेबसाइट के ऊपर लिंक के साथ पेस्ट करना होता है. कोई व्यक्ति जब उस प्रोडक्ट को आपके वेबसाइट के थ्रू जाकर प्रोडक्ट को परचेस कर लेता है, तो उसमें एक फिक्स कमीशन आपको मिलती है. यह कमीशन 4% से 15% तक होता है. घर बैठे पैसे कमाने के तरीके में सबसे अच्छा है. 
YouTube के बारे में कौन नहिं जानता. फिर भी जानकारी केलिए बता देता हूँ के ये world का 3rd most popular website है, जहाँ हर रोज millions views होते है. जो ये नहिं जानते में उन्हें बताना चाहूँगा के YouTube एक बेहतर जरिया है पैसे कमाने का. Content लिखने को Blogging कहते है और Video के जरिये पैसे कमाने को Vlogging कहते है. Vlogging यानि video blogging. मैंने पहले भी Blogging vs Vlogging के बारे में एक post लिखा था, आप चाहे तो उसे पढ़ सकते हैं. इसमें भी आपके पास दो चीजों का होना बहुत जरुरी है.
[caption id="attachment_121" align="aligncenter" width="412"]                        make-money-blogging-in-hindi[/caption] आप ब्लॉगिंग करके अच्छे खासे कैसे बना सकते हैं इसमें आपको  अपने experience को शेयर करना होता है जिससे लोगों की मदद हो सके और फिर उस पर ads लगाकर आप पैसे कमा सकते हैं इसको शुरू करने के लिए आपको किसी भी प्रकार के पैसे खर्च करने की जरूरत नहीं है आप free में ही Blogger platform पर आप अपना ब्लॉग शुरू कर सकते हैं जो कि Google का है एक product  है जिसमें आप अपने बातों को लोगों के साथ शेयर कर सकते हैं और बाद में उससे Online money earn कर सकते हैं |  
नई दिल्ली, 7 जनवरी 2018- आजकल मोबाइल और इंटरनेट का जमाना है. हर कोई बिना मोबाइल और इंटरनेट के नही रह पता है. हर एक चीज़ मोबाइल से ही हो जाती है. जहाँ पहले के समय में हर कोई लंबी लंबी लाइन में लग कर बिजली बिल (Electricity bill online payment), फोन के बिल, पानी के बिल (Pay water bill online) यार फिर कोई सरकारी काम करना हो सभी का बहुत ज़्यादा टाइम बर्बाद होता था. आजकल मोबाइल और इंटरनेट के आ जाने से सभी का समय और पैसा बच जाता है. हर दिन 24 घंटों में बहुत सारा टाइम मोबाइल और इंटरनेट में ही चलाजाता है. WhatsApp या Facebook या फिर youtube हर कोई उसे करता है.
एक पारंपरिक भारतीय व्यवस्था में गुरु-शिष्य का रिश्ता एक बहुत ही पवित्र रिश्ता माना जाता था, जहाँ गुरु या शिक्षक अपने छात्रों में, आध्यात्मिक, वैदिक, नैतिक और अकादमिक शिक्षाओं को संचारित करते थे। गुरु शब्द का अर्थ एक अंधेरे में फंसे हुए व्यक्ति को ज्योतिमान करना (गु का अर्थ है, अंधकार और रू का अर्थ प्रकाश) है। संपूर्ण उस समय शिक्षा का उद्देश्य उच्च नैतिक महत्व से संतुलित व्यक्तित्व में तथा अज्ञानता को एक ज्ञानता में बदलना होता था। इसके बदले में छात्र अपने गुरुओं के घर के कार्यों में सहायता करते थे और जो समर्थ होता था वह गुरू दक्षिणा के रूप में धन का भुगतान करता था। यह पारस्परिक संबंध शिक्षक के ज्ञान और छात्र की आज्ञाकारिता पर आधारित था। ऐसे गुरु-शिष्य संबंध में, एक सक्षम गुरु के कंधों पर सब कुछ छोड़ दिया जाता था, जो एक निर्माता के रूप में अभिनय करके, अपने शिष्यों या छात्रों को एक नई आकृति प्रदान करता था।
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