एफिलिएट मार्केटिंग – अमेज़न और फ्लिपकार्ट जैसी लगभग हर ई-कॉमर्स कंपनी अपना एफिलिएटेड प्रोग्राम चलाती है। एफिलिएट मार्केटिंग में अपने ब्लॉग, वेबसाइट जैसे ऑनलाइन स्थानों पर विभिन्न प्रकार के प्रोडक्ट्स को प्रमोट करना होता है। ऐसा करने के बाद, जब भी कोई यूजर आपके द्वारा प्रमोट किये गए लिंक पर क्लिक करके कोई प्रोडक्ट खरीदता है तो उस प्रोडक्ट के मूल्य का कुछ प्रतिशत आपको कमीशन के रूप में मिल जाता है|
एफिलिएट मार्केटिंग – अमेज़न और फ्लिपकार्ट जैसी लगभग हर ई-कॉमर्स कंपनी अपना एफिलिएटेड प्रोग्राम चलाती है। एफिलिएट मार्केटिंग में अपने ब्लॉग, वेबसाइट जैसे ऑनलाइन स्थानों पर विभिन्न प्रकार के प्रोडक्ट्स को प्रमोट करना होता है। ऐसा करने के बाद, जब भी कोई यूजर आपके द्वारा प्रमोट किये गए लिंक पर क्लिक करके कोई प्रोडक्ट खरीदता है तो उस प्रोडक्ट के मूल्य का कुछ प्रतिशत आपको कमीशन के रूप में मिल जाता है|
बातचीत का अभाव, स्वार्थी उद्देश्य और लाभ, ये सभी शिक्षक-छात्र संबंधों के हिस्से में नहीं होते हैं, क्योंकि ये संबंध स्वार्थी हितों से अलग होते हैं। इन सभी के लिए कोई अवधि नहीं होती है। लेकिन कुछ दिन पहले, मैंने एक समाचार पत्र पढ़ा था जिसमें मैंने जो कुछ भी सोचा था वह उसके विपरीत ही था। ठाकुर विद्या मंदिर विद्यालय के एक प्रधानाचार्य और शिक्षक ने अपने पूर्व छात्रों को अपनी पत्नी की हत्या के लिए 50, 000 रुपये दिए। प्राधानाचार्य अपनी पत्नी को मारना चाहते थे, क्योंकि उनकी पत्नी ने उन पर उसी स्कूल की महिला छात्रों के साथ संबंध रखने के लिए संदेह किया था। उन छात्रों ने उनकी पत्नी को मार दिया और उनका शव फेंकने से पहले उसके शरीर को टुकड़ों में काट दिया था। जिसने निर्दयता की सीमा को पार कर दिया। नैतिक महत्व और मानकों में भी गिरावट आ गयी है, इस कारण अच्छे संबंध भी अप्रभावित नहीं टिक पा रहे हैं। हमें ऐसे शिक्षकों के बारे में विचार करना होगा, जो नैतिक मान्यता को स्थापित करने की बजाय इस तरह के अनैतिक संबंधों और ऐसे कुकर्मों को करते हैं। शिक्षकों और छात्रों के बारे में इस तरह की अधिक से अधिक खबरें आ रही हैं, हमें इस तथ्य से सहमत होना होगा कि शिक्षा का नैतिक मूल्य से कोई लेना देना नहीं है और इस तथ्य को भी सुनिश्चित करना होगा कि शिक्षक-छात्र संबंध की परिभाषा बदल रही है या बिगड़ रही है।
कुछ लोगों को गूगल ऐडसेंस के बारे में कोई भी जानकारी नहीं होती है, जिसके कारण उनको पता ही नहीं होता है कि गूगल ऐडसेंस का इस्तेमाल करके पैसा कैसे कमाते हैं | दोस्तों गूगल ऐडसेंस गूगल का एक सबसे बेहतरीन जाना मना फ्री प्रोग्राम होता है जिसका इस्तेमाल करके लाखों लोग घर पर बैठकर लाखों रुपए कमाते हैं | गूगल ऐडसेंस एक ऐसा प्रोग्राम होता है जो हमारी खुद की साइट पर डालने के बाद लोग इस प्रोग्राम पर क्लिक करते हैं |
सामान बेचने के लिए आपको थोडा Marketing Skill सीखना पड़ेगा (जिससे आप अपने items को औरों से अच्छा बता सकते हैं). इसके विषय में आपको internet से जानकारी प्राप्त हो सकती है. यहाँ पर आपको दुसरे seller को थोडा study करना होगा की वो किस प्रकार से अपने चीज़ों के विषय में लिखते हैं, क्या price रखते हैं और कैसे उन चीज़ों का promotion करते हैं. इससे आप अपने brand की value को भी बढ़ा सकते हैं. इस काम में आप अपने friends और relatives की भी सहायता ले सकते हैं और उनसे पुरानी चीज़ें collect कर सकते हैं.
Bahut hi asa post dhali hei apne. Mere ku sas mei basa liya jeise hua hei. Kiuki me bhi captcha writing mei join kia tha.mei anjan tha isliye meine join kia. Meine signe kia photo bheja aur address prove ke leye driving license veja photo marke. Bad mei mere se sign liya sign online kor dia. Uske bad ju hua mere pasina sut geya. Mere sign sahit mere photo 100rupeye dalil mei agreement kia hua bhej dia. Me dor goyi kiuki mere pass peise nahi thi. Mere ku 4800 bharana huga jodi mei 10din mei captcha 10000sahi complete na kar saku. Meine nahi kia… Abhi mere ku advocate phone mei notice bhej raha he mei kia koru.. Ap ek upai dijiye… I like your blogs very much
यूट्यूब वर्ल्ड के नंबर वन आईटी कंपनी गूगल की सर्विस है, मतलब यूट्यूब गूगल का ही एक बड़ा हिस्सा है | कुछ लोगों को लगता है कि यूट्यूब पर काम करने से पैसा नहीं मिलता है, मतलब यूट्यूब फ्रॉड होता है | दोस्तों यूट्यूब का सारा कामकाज ऑनलाइन तरीके से होता है, यूट्यूब पर किसी भी जानकारी को अपलोड कर सकते हो | जिस इंसान को आपकी जानकारी पसंद आती है वह इंसान आपकी जानकारी लेता है |
एफिलिएट मार्केटिंग में करना क्या होता है, कि आपको ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट है, उसमें एक या दो वेबसाइट से आपको एफिलिएट लेना होता है.  एफिलिएट लेने के लिए उनके वेबसाइट पर आपको रजिस्टर करना होता है. एफिलिएट लेने के बाद उनके प्रोडक्ट्स को अपने वेबसाइट के ऊपर लिंक के साथ पेस्ट करना होता है. कोई व्यक्ति जब उस प्रोडक्ट को आपके वेबसाइट के थ्रू जाकर प्रोडक्ट को परचेस कर लेता है, तो उसमें एक फिक्स कमीशन आपको मिलती है. यह कमीशन 4% से 15% तक होता है. घर बैठे पैसे कमाने के तरीके में सबसे अच्छा है. 

हर कोई चाहता है पैसे कमाना. इसीलिए लोग Google में हर रोज ये search करते रहते है के, “ऑनलाइन पैसे कैसे कमाए“, “गूगल से पैसे कैसे कमाए“, “इंटरनेट से पैसे कैसे कमाए“, etc. लोगो को पैसे इसीलिए चाहिए, ताकि उनसे वो अपनी ज़रुरतो को पूरी कर सके. उम्र बढ़ने के साथ साथ एक ज़िम्मेदारी भी आ जाता है और अगर आप अभी से पैसे कमाने के तरीके के बारे में जान लेते है तो आपका तो चांदी ही चांदी है. लोग बहुत तरीको से पैसे कमाते है, जैसे job करके, अपने खुद का business start करके, या फिर online से. आप ये सोच रहे होंगे के How to make money Online? क्या ये सम्भब है, या फिर में मजाक कर रहा हूँ.
मुझे लगता है. आपने ब्लॉग्गिंग पहली बार सूना होगा. पहले में इसके बारे में basic जानकरी देता हूँ. तो ब्लॉग्गिंग यानि किसी website को चलाना. पहले is बात को भी जानले. website को ही blog कहते है. लेकिन ब्लॉग में हम हमारा knowledge लोगो के साथ article के रूप में share करते है. जैसे आप अभी पैसा कमाने के तरीके पढ़ रहे है. यह article आप एक blog पर रीड कर रहे है. और में इस website को हैंडल कर रहा हूँ. मतलब इसे daily पड़ते कर रहा हूँ. तो इस प्रोसेस को ही ब्लॉग्गिंग कहते है.

 मैं जिस तकनीक की ओर झुकाव करता हूं वह एसईओ सामग्री, या पदार्थ बना रही है जिसे वास्तविक वेब इंडेक्स में अच्छी तरह से रैंक करने के लिए बढ़ाया गया है। व्यक्तियों को इसका पता तब चलता है जब वे उस के लिए स्कैन कर रहे होते हैं, नेविगेट करते हैं और खरीद लेते हैं कि उन्हें क्या चाहिए या जरूरत है। यह वास्तव में अच्छी तरह से काम करता है क्योंकि आप एक बार पदार्थ की रचना करते हैं, और यह महान स्थिति रखता है और आने वाले समय के लिए आपको नकद प्राप्त करता है। जो भी समय के लिए आप अपनी वेब इंडेक्स रैंकिंग को बनाए रखें।
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